
गोंदिया –नगर परिषद के सभी 42 वार्डों का चुनाव परिणाम 21 दिसंबर 2025 को ही घोषित किया जाएगा।
याचिकाकर्ता शकील हमीद मनसूरी द्वारा दायर याचिका क्रमांक 7508/2025 में यह चुनौती दी गई थी कि राज्य चुनाव आयोग ने 29.11.2025 को एक संशोधित कार्यक्रम जारी कर 39 वार्डों के परिणाम 03 दिसंबर 2025 को घोषित करने और शेष 3 वार्ड—3B, 11B और 16A—का मतदान व परिणाम 20 और 21 दिसंबर को घोषित करने का निर्णय लिया था, जिससे चुनाव की निष्पक्षता, समान अवसर और जनता की धारणा प्रभावित होने की आशंका थी।
याचिकाकर्ता का तर्क था कि जब एक ही नगर परिषद एक एकल निर्वाचन इकाई है, तो परिणामों को दो भागों में घोषित करना न केवल मतदाताओं को प्रभावित करेगा, बल्कि प्रत्याशियों की स्थिति, मतदान के वातावरण और राजनीतिक संतुलन पर भी अनुचित प्रभाव डालेगा, जो संविधान के अनुच्छेद 14 और अनुच्छेद 243-ZA के तहत सुनिश्चित Free & Fair Elections की अवधारणा के विपरीत है। अदालत ने इस तर्क को स्वीकार करते हुए माना कि किसी भी चुनाव में—चाहे मतदान चरणों में क्यों न हो—परिणामों की घोषणा हमेशा एकसाथ होनी चाहिए, ताकि किसी भी प्रकार का पूर्वाग्रह या मनोवैज्ञानिक प्रभाव न पड़े। इसके अतिरिक्त, हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्देश देते हुए 02 दिसंबर 2025 को होने वाले मतदान पर किसी भी प्रकार के एग्ज़िट पोल, ओपिनियन पोल, वोटिंग ट्रेंड या विश्लेषण के प्रकाशन पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया, यह कहते हुए कि इससे चुनावी वातावरण प्रभावित हो सकता है और शेष वार्डों में मतदान की स्वतंत्रता पर विपरीत असर पड़ सकता है।
इस महत्वपूर्ण मामले में याचिकाकर्ता का प्रभावी प्रतिनिधित्व अधिवक्ता ऋषिकेश चिटले और अधिवक्ता वेदांत हंसराज पांडे ने किया।





