
रायपुर । राहुल गांधी ने सेवाग्राम प्रदर्शनी स्थल पर महात्मा गांधी की जीवनी पर आधरित प्रदर्शिनी का अवलोकन किया। उन्होंने यहां चरखा चलाया और महात्मा गांधी के दिखाए गए मार्ग पर चलने का संदेश दिया। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल उनके साथ थे।
राहुल ने उजाला ग्राम संगठन, सेरीखेड़ी के महिला कारीगरों माहेश्वरी साहू, बसंती साहू और अनुसुईया सेन से चर्चा की। उनसे पूछा- आप कैसी हैं? कारीगर महिलाओं ने कहा- हम अच्छे हैं। महात्मा गांधी की जीवनी पर आधारित सेवाग्राम प्रदर्शनी में सात वर्षीय मोहन, जीवन संगिनी के साथ, सहकर्मियों के साथ, सत्याग्रही के साथ, गांधी टोपी में दिखाया गया।
नमक कानून का उल्लंघन, कोई कार्य छोटा नहीं, कुष्ठ रोगी की सेवा, आजाद हिंद फौज, बारडोली सत्याग्रह, शरणार्थियों के साथ, सेवा ग्राम कुटिया में, पेशावर की सार्वजनिक सभा, प्रार्थना में, एकता के लिए उपवास, मंदिर का उद्घाटन, भूकंप के बाद, 29 जनवरी, 1948 की अंतिम प्रार्थना और छत्तीसगढ़ में बापू का प्रथम आगमन 20 से 22 दिसंबर 1920 एवं द्वितीय आगमन 22 से 28 नवंबर 1933 के बारे में दुर्लभ छायाचित्र एवं जानकारी प्रदर्शित की गई है।
इस अवसर पर मंत्रिमंडल के सदस्यों सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधिगण और गांधीवादी विचारधारा के लोग एवं वक्ता उपस्थित रहे। प्रदर्शिनी स्थल पर नवा रायपुर सेवाग्राम स्थान के मास्टर प्लान की जानकारी दर्शाई गई थी।
राहुल गांधी ने दी बधाई …
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की गुरुवार को शादी की 40वीं वर्षगांठ थी। प्रदेश के दौरे पर आए कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष ने राहुल गांधी दिल्ली लौटने से पहले नवा रायपुर स्थित एक होटल में पहुंचे, जहां उन्होंने सीएम बघेल और उनकी पत्नी मुक्तेश्वरी बघेल के साथ केक काटकर उन्हें बधाई दी। इस मौके पर मुख्यमंत्री बघेल के परिवार के अन्य सदस्य भी मौजूद थे।





