गोंदिया,29 अप्रेलः कोरोना के चलते देशभर मे लाकडाऊन घोषित होने से सडक एंव रेलयातायात बंद हो जाने की वजह से महाराष्ट्र के गोंदिया जिले के 32 मजदूर राजस्थान मे फंस गये है.उन फंसे मजदूरो को अपने जिले मे जाने की सहमती राजस्थान सरकारने दे दी है.लेकीन महाराष्ट्र के गोंदिया जिलाधिकारी कार्यालय ने इसपर अभी भी सहमती न देने से वह मजदूर वही फसे है.दुसरी और राजस्थान के ही कोटा से छात्रो को लाने के लिये शासन बस भेज रही है,तो इन मजदूरो के लिये क्यू नही एैसा सवाल गोंदिया जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के पुर्व अध्यक्ष इसुलाल भालेकर ने खडा कर शासन से उन मजदूर को गोंदिया लाने की मांग की है.
भालेकर ने बताया कि गोंदिया जिले के 32 मजदुर राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले के छोटी बंबुरी गांव मे लाॅकडाउन के कारण फंस हुये है.इसमे गोंदिया के गांधी वार्ड के 4 संजय नगर /गोविंदपुर के 24 कुडवा के 2 सौदड 1 खडबंदा 1 ऐसे 32 मजदुर महिला एवं पुरूष.काम करने पिछले 13 मार्च 20 को गये थे। 22 मार्च 20 तक काम किया.वापसी होने वाले थे, की कोरोना वायरस के चलते संपूर्ण देश मे लाॅकडाउन जारी हो गया.भालेकर ने बताया कि राजस्थान सरकार ने मजदुरोंको वापसी के लिए परमिशन दे दिया है.
राजस्थान मे फंसे मजदुर मनिष भाउदास रामटेके संजयनगर गोंदिया के अनुसार जिलाधिकारी गोंदिया को ऑनलाइन आवेदन किया लेकिन जिलाधिकारी गोंदिया की स्वीकृति नही मिली. भालेकर ने महाराष्ट्र सरकार के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे,पुर्व केन्द्रीय मंत्री प्रफुलभाई पटेल,विधानसभा अध्यक्ष नाना पटोले,पालकमंत्री अनिल देशमुख,जिलाधिकारी डाॅ. कादंबरी बालकवडे से मांग किया है.की महाराष्ट्र सरकार .राजस्थान के कोटा मे फसे छात्रों को लाने के लिए 100 गाडियां भेजने की तैयारी कर रही है. वैसे ही गोंदिया के 32 मजदुरो को लाने के लिए 1 गाडी की व्यवस्था करे.





